22 कैरेट, 18 कैरेट या 14 कैरेट? जानिए गहनों के लिए कौन सा सोना है बेहतर
सोने की ज्वेलरी खरीदते समय 14, 18 और 22 कैरेट जैसे विकल्प सामने आते हैं। इनमें अंतर केवल कीमत का नहीं, बल्कि सोने की शुद्धता, मजबूती और इस्तेमाल का भी है। सही कैरेट का चुनाव इस बात पर निर्भर करता है कि आप पारंपरिक गहना खरीद रहे हैं, रोज पहनने वाली ज्वेलरी चाहते हैं या हीरे और दूसरे कीमती पत्थरों से जड़ा आभूषण पसंद करते हैं।
14, 18 और 22 कैरेट में कितना होता है सोना?
भारतीय मानक ब्यूरो (BIS) के अनुसार, 14 कैरेट सोने की फाइननेस 585, 18 कैरेट की 750 और 22 कैरेट की 916 होती है। इसका मतलब है कि 14 कैरेट में कम से कम 58.5 फीसदी, 18 कैरेट में 75 फीसदी और 22 कैरेट में लगभग 91.6 फीसदी सोना होता है। बाकी हिस्से में दूसरी धातुएं मिलाई जाती हैं, जो मिश्रधातु की मजबूती और गुणों को प्रभावित करती हैं। शुद्ध 24 कैरेट सोना अपेक्षाकृत मुलायम होता है, इसलिए ज्वेलरी बनाने के लिए उसमें दूसरी धातुएं मिलाना आम है।
22 कैरेट सोना: पारंपरिक गहनों के लिए लोकप्रिय विकल्प
22 कैरेट सोने में लगभग 91.6 फीसदी शुद्ध सोना होता है। भारत में चेन, हार, कंगन और पारंपरिक प्लेन गोल्ड ज्वेलरी के लिए यह लोकप्रिय विकल्प है। यदि आपकी प्राथमिकता गहने में सोने की अधिक मात्रा और पारंपरिक लुक है, तो 22 कैरेट पर विचार किया जा सकता है। हालांकि, इसमें सोने की मात्रा अधिक होने के कारण यह कुछ कम कैरेट वाले विकल्पों की तुलना में नरम हो सकता है। बहुत बारीक डिजाइन या पत्थर जड़ने वाले गहनों में दूसरे विकल्प भी उपयोगी होते हैं।
18 कैरेट सोना: डायमंड और आधुनिक डिजाइन के लिए
18 कैरेट सोने में 75 फीसदी सोना होता है और शेष हिस्सा दूसरी धातुओं का होता है। यह डायमंड रिंग, स्टोन-स्टडेड ईयररिंग और आधुनिक डिजाइन की ज्वेलरी में इस्तेमाल किया जाता है। इसकी मिश्रधातु पत्थरों को सुरक्षित तरीके से सेट करने और बारीक डिजाइन बनाने में मदद कर सकती है। यदि आप हीरे या दूसरे रत्नों से जड़ा आभूषण खरीद रहे हैं, तो 18 कैरेट एक अच्छा विकल्प हो सकता है।
14 कैरेट सोना: रोजाना पहनने वाली ज्वेलरी के लिए
14 कैरेट सोने में कम से कम 58.5 फीसदी सोना होता है। इसमें दूसरी धातुओं का अनुपात 18 और 22 कैरेट की तुलना में अधिक होता है, जिससे यह आम तौर पर ज्यादा कठोर हो सकता है। हल्की, फैशन और रोजाना पहनने वाली ज्वेलरी में इसका इस्तेमाल किया जाता है। हालांकि, इसमें सोने की मात्रा कम होती है। इसलिए यदि आपकी प्राथमिकता अधिक शुद्धता है, तो 22 कैरेट बेहतर विकल्प हो सकता है।
तो 14, 18 या 22 कैरेट में कौन सा चुनें?
22 कैरेट: पारंपरिक और ज्यादा शुद्ध सोने की ज्वेलरी के लिए।
18 कैरेट: डायमंड, स्टोन-स्टडेड और आधुनिक डिजाइन के आभूषणों के लिए।
14 कैरेट: हल्की, फैशन और अपेक्षाकृत कठोर ज्वेलरी के लिए।
कोई एक कैरेट हर तरह के गहने के लिए सबसे अच्छा नहीं होता। खरीदारी से पहले अपने इस्तेमाल, डिजाइन, मजबूती और बजट को ध्यान में रखें।
गहने खरीदते समय हॉलमार्क और HUID जरूर जांचें
सोने की ज्वेलरी खरीदते समय केवल कैरेट देखकर फैसला न करें। BIS हॉलमार्क पर BIS का लोगो, कैरेट के अनुरूप फाइननेस और छह अंकों का HUID नंबर जांचें। HUID नंबर को BIS Care ऐप के जरिए सत्यापित किया जा सकता है। बिल में आभूषण का विवरण, कीमती धातु का नेट वजन, कैरेट और फाइननेस तथा हॉलमार्किंग शुल्क जैसी जानकारी भी देखनी चाहिए।
निष्कर्ष
यदि आपको पारंपरिक सोने का गहना चाहिए, तो 22 कैरेट एक लोकप्रिय विकल्प है। हीरे या पत्थरों से जड़ी ज्वेलरी के लिए 18 कैरेट और हल्की, फैशन ज्वेलरी के लिए 14 कैरेट पर विचार किया जा सकता है। सही चुनाव आपकी जरूरत पर निर्भर करता है, इसलिए खरीदारी के समय शुद्धता के साथ हॉलमार्क और बिल की जानकारी भी जरूर जांचें।